बांसवाड़ा में सरकारी शिक्षक की मौत, पत्नी के पीहर जाने से थे परेशान

#Banswara #RajasthanNews #TeacherNews #BreakingNews #PoliceInvestigation #LocalNews

बांसवाड़ा: राजस्थान के 0 जिले से एक दुखद घटना सामने आई है, जहां एक सरकारी शिक्षक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। यह घटना मोटागांव थाना क्षेत्र के पादर गांव की बताई जा रही है, जिससे इलाके में शोक का माहौल है।

मामले की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार यह घटना शनिवार रात की है, जिसका पता रविवार सुबह चला।

सुबह कमरे में मिला अचेत अवस्था में

पुलिस के अनुसार, मृतक की पहचान 31 वर्षीय महेंद्र दायमा के रूप में हुई है, जो कुशलगढ़ क्षेत्र के एक सरकारी स्कूल में ग्रेड थर्ड शिक्षक के पद पर कार्यरत थे।

रविवार सुबह जब घर में काम करने वाली महिला पहली मंजिल पर बने कमरे में पहुंची, तो महेंद्र अचेत अवस्था में मिले। इसके बाद परिजनों को तुरंत सूचना दी गई।

परिजन उन्हें तुरंत इलाज के लिए अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।

पत्नी के पीहर जाने के बाद से थे तनाव में

परिजनों के अनुसार, महेंद्र की पत्नी करीब एक महीने पहले अपने पीहर चली गई थी। इसके बाद से वह मानसिक रूप से परेशान बताए जा रहे थे। हालांकि, इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

पुलिस इस एंगल को भी जांच में शामिल कर रही है, ताकि घटना के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।

पुलिस हर पहलू से कर रही जांच

मोटागांव थाना पुलिस के अनुसार, मामले में अभी तक कोई स्पष्ट कारण सामने नहीं आया है। घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट भी बरामद नहीं हुआ है।

पुलिस का कहना है कि सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच की जा रही है। परिजनों और आसपास के लोगों से भी पूछताछ की जा रही है।

परिवार में मचा कोहराम

महेंद्र अपने पीछे पत्नी और 3 साल की एक बेटी को छोड़ गए हैं। घटना के बाद से परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में भी शोक की लहर है।

पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है।

जरूरी: मानसिक स्वास्थ्य का रखें ध्यान

ऐसी घटनाएं समाज को यह सोचने पर मजबूर करती हैं कि मानसिक स्वास्थ्य कितना महत्वपूर्ण है। किसी भी तरह की परेशानी या तनाव की स्थिति में अपने परिवार, दोस्तों या विशेषज्ञ से बात करना बेहद जरूरी है।

समय पर सहयोग और संवाद कई बड़ी समस्याओं को टाल सकता है।

और नया पुराने